अगर फरवरी में भिंडी की खेती करना चाहते हैं, तो चलिए बढ़िया वैरायटी बताते हैं, जिससे ज्यादा उत्पादन मिलेगा, और उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता भी शानदार है।
फरवरी में भिंडी की खेती के फायदे
फरवरी में भिंडी की खेती का सही समय माना जाता है। इस समय तापमान अनुकूल होता है, और अच्छे से अंकुरण भी बीजों का होगा। विकास अच्छे से होगा पैदावार भी समय पर बढ़िया गुणवत्ता की मिल जाएगी। भिंडी की खेती के लिए गर्म मौसम की जरूरत पड़ती है, जो कि अभी शुरू हो चुका है। इसकी खेती के लिए बलुई दोमट मिट्टी अच्छी मानी जाती है। अगर आप भिंडी की खेती का मन बना रहा है तो सही है क्योंकि इस समय लगाने पर अच्छी कमाई होगी। पैदावार भी बढ़िया मिलती है। कम लागत में ज्यादा मुनाफा कमा सकते हैं, तो आएये आपको बताते हैं बढ़िया वैरायटी और खेती का तरीका।
फरवरी में भिंडी की खेती के लिए किस्में
फरवरी में भिंडी की खेती के लिए कृषि विशेषज्ञों ने तीन किस्म की जानकारी दी है। जिनका नाम पूसा A4, काशी प्रगति, काशी क्रांति है। इसके अलावा फरवरी में भिंडी की खेती के लिए अर्का अनामिका, पंजाब पद्मिनी, परभनी क्रांति और पूसा-5 (हाइब्रिड)भी बढ़िया होती है। यह सभी किस्मे अलग-अलग क्षेत्र के अनुसार काम करती है। इसलिए किसानों को अपने क्षेत्र की मिट्टी, जलवायु आदि का ध्यान रखना चाहिए और उसके अनुसार वैरायटी का चयन करना चाहिए।
खेती करते समय एक हेक्टेयर में 20 टन पुरानी गोबर की खाद में मिलानी चाहिए। जिससे पैदावार अच्छी मिलती है। अगर इन वैरियटयों की खेती किसान करते हैं, सही तरीके से तो 20 से 25 टन तक पैदावार खेत से उठा सकते हैं। जिससे अच्छी कमाई हो सकती है।
भिंडी के बीजों की बुवाई से पहले एक दिन के लिए उसे पानी में भिगोकर रखना चाहिए। उसके बाद बीज का उपचार करना चाहिए और फिर बुवाई करनी चाहिए। 45 से 50 दिन के बीच में भिंडी की फसल तैयार हो जाती है। जब भिंडी का आकार 4 से 5 इंच का होने लगे और रंग बिल्कुल हरा तो इसकी तुड़ाई कर लेनी चाहिए।











