अगर आपके पास खेती योग्य जमीन है, लेकिन उसमें खेती नहीं कर रहे हैं तो भी उससे कमाई हो सकती है, आईए नवोधन योजना क्या है।
नवोधन योजना
कुछ लोग हैं जो खेती करने के लिए इच्छुक है, लेकिन उनके पास जमीन नहीं है, लेकिन कुछ लोगों के पास खेती योग्य जमीन है। लेकिन उनके पास समय नहीं है, या वह कुछ और काम करते हैं, वह खेती नहीं करते हैं, उनके पास जमीन बस पड़ी हुई है, और उससे उन्हें किसी तरह का फायदा नहीं हो रहा है, लेकिन अब आपको खाली पड़ी जमीन से कमाई हो सकती है। वह भी बिना कुछ किये। दरअसल केरल में नवोधन योजना शुरू की गई है।
जिसमें सरकार किसानों की मदद करती है खाली पड़ी जमीन से कमाई करने में। वह जमीन आपके ही नाम पर रहेगी। लेकिन उसमें खेती कोई और करेगा, और आपको उसके पैसे देगा। दरअसल, केरल राज्य सरकार आधुनिक व्यवसायी खेती को प्रोत्साहित करने के लिए नवोधन योजना शुरू की गई है। जिससे खली जमीन में खेती की जाएगी, तो आईए जानते हैं यह किस तरीके से काम करेगा।
साझेदारी मॉडल पर होगी खेती
नवोधन योजना साझेदारी मॉडल पर चलेगा। जिसमें जिसके नाम पर खेत है उसी का मालिकाना हक रहेगा। लेकिन उसमें खेती कोई और करेगा। जैसे की कोई किसान या फिर एग्री स्टार्टअप वाले किसान जो समूह बनाकर खेती करते हैं, कोई निवेशक है, कोई आप्रवासी केरल वासी हैं तो वह योजना का फायदा उठाकर उस जमीन में खेती कर सकते हैं।
लेकिन जमीन का मालिकाना हक जिसके पास है, उसी के पास रहेगा। वह हस्तांतरित नहीं होता है। आईए जानते हैं जिसके नाम पर जमीन है, उसकी कैसे कमाई होगी, और इसमें सरकार से क्या-क्या मदद मिलेगी।
फसल की बिक्री में मिलेगी सरकारी
जमीन में जो खेती होगी उस फसल की बिक्री में भी सरकार से मदद मिलेगी। बताया गया है कि उत्पादन की ब्रांडिंग और बाजार से जोड़ने में केरल एग्री बिजनेस कंपनी को मदद करेगी, और इस समझौते पर तीसरे पक्ष के रूप में KABCO को काम करेगी यानी कि एक मलिक किसान और दूसरा जो खेती करेगा और तीसरा KABCO इस समझौते पर हस्ताक्षर करेगा। यानी कि यह कानूनी वैधता के आधार पर किया जाएगा।
खाली जमीन में जो खेती होगी उसमें जो भी आय होगी, उसका कुछ हिस्सा जमीन के मालिक के लिए पहले से ही तय रहेगा। जो की मालिक को मिलेगा ही, इस तरह से बिना खेती किए जमीन से पैसे आएंगे, और कोई जोखिम भी नहीं रहेगा।











